जिले में विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान पहली जुलाई से चलाया जाएगा



लखनऊ, 27 जून - इस बार कोरोना संक्रमण के चलते फिजिकल डिस्टेंसिंग, हाथों की सफाई और मास्क की अनिवार्यता का विशेष ध्यान रखना है - यह जानकारी आज जिलाधिकारी अभिषेक प्रकाश ने जिलाधिकारी कार्यालय के अब्दुल कलाम सभागार में आयोजित अन्तर्विभगीय बैठक में दी । उन्होने बताया - इस वर्ष कोरोना संक्रमण के कारण डेंगू, चिकनगुनिया, दिमागी बुखार व मलेरिया के साथ-साथ कोरोना से बचाव के बारे में भी प्रचार प्रसार किया जायेगा ।

जिलाधिकारी ने बताया- इस अभियान में प्रथम श्रेणी की कार्यकर्ताओं के साथ ही सभी 10 विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों को शामिल किया गया है | यह विभाग हैं- चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, समेकित बाल विकास, ग्राम्य एवं पंचायती राज, शिक्षा, पशुपालन, स्वच्छ भारत मिशन, सूचना, दिव्यांग कल्याण, संस्कृति एवं चिकित्सा शिक्षा | उन्होंने बताया – इस अभियान की गूगल ट्रैकिंग की जायगी तथा अभियान से सम्बंधित सभी बैठकें ऑनलाइन आयोजित की जाएँगी |

इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. नरेन्द्र अग्रवाल ने बताया-  कोविड संक्रमण के चलते इस बार स्कूलों में रैलियां नहीं निकाली जायेंगी बल्कि केवल लाउडस्पीकर से प्रचार किया जाएगा | फ्रंट लाइन वर्कर्स न किसी का दरवाजे छुएंगे और न ही कुण्डी | वह घर के भीतर भी नहीं जाएँगी |  बस स्टीकर और सन्देश के माध्यम से लोगों को बताया जाएगा | गाँवों में लार्विसाइड्स का छिड़काव किया जाएगा | साथ ही गाँवों में तालाबों की सफाई कराने के साथ ही उसके स्वतंत्र परिवहन की भी व्यवस्था की जाएगी |

राष्ट्रीय वेक्टर जनित रोग नियंत्रण कार्यक्रम के नोडल अधिकारी एवं अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ.के.पी. त्रिपाठी ने बताया -  दस्तक अभियान के तहत प्रशिक्षित आशा तथा आंगनवाड़ी कार्यकर्ता द्वारा घर –घर जाकर लोगों को संचारी रोगों से बचाव के उपाय, लक्षण तथा निकटतम स्वास्थ्य केंद्र के विषय में लोगों को बताया जायेगा | आशा कार्यकर्ताओं द्वारा दिमागी बुखार के लक्षणों एवं उपचार के विषय में जागरूक किया जाएगा | आशा कार्यकर्ता घर-घर जाकर , घरों के अन्दर तथा आस-पास मच्छरों के पैदा होने वाली परिस्थितियों निरीक्षण करेंगी, बुखार के रोगियों की लाइनलिस्टिंग करेंगी, मलेरिया के रोगियों की जाँच के लिए स्लाइड अथवा आरडीटी  किट से जांच करेंगी | साथ ही वह कोविड -19 के रोगियों के सर्विलांस तथा होम क्वेरेंटाइन किये गए व्यक्तियों की मॉनिटरिंग भी करेंगी |  
अभियान के तहत दिमागी बुखार के लक्षण,बचाव एवं इलाज से सम्बंधित संदेश दिए जायेंगे | अन्य संचारी रोगों के लक्षण, बचाव तथा उपचार से सम्बंधित सन्देश जिनमें व्यक्तिगत बीमारी पर फोकस न करते हुए बीमारी से बचाव के सामान्य उपचार पर चर्चा की जायेगी  |

इस अवसर पर सभी विभागों के प्रतिनिधि, जिला स्वास्थ्य शिक्षा एवं सूचना अधिकारी योगेश रघुवंशी, जिला मलेरिया अधिकारी डी.एन.शुक्ला, विश्व स्वास्थ्य संगठन, यूनिसेफ और स्वयं सेवी संगठन पाथ के प्रतिनिधि उपस्थित थे |