डायरिया नियंत्रण व रोकथाम को आगे आएं निजी अस्पताल : डॉ. संजीव



  • ‘डायरिया से डर नहीं’ कार्यक्रम से निजी अस्पतालों व नर्सिंग होम को जोड़ने की पहल
  • निजी अस्पतालों व नर्सिंग होम में ओआरएस कॉर्नर बनाने की अपील

मथुरा । स्वास्थ्य विभाग के तत्वावधान में जनपद में चलाये जा रहे ‘डायरिया से डर नहीं’ कार्यक्रम से निजी अस्पतालों और नर्सिंग होम को भी जोड़ने की पहल की गयी है। इस सम्बन्ध में बृहस्पतिवार को इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए ) के सभागार में पब्लिक प्राइवेट इंटरफेस (पीपीआई) की बैठक हुई, जिसमें निजी क्षेत्र के 21 अस्पतालों व नर्सिंग होम के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। बैठक की अध्यक्षता करते हुए कार्यवाहक मुख्य चिकित्सा अधिकारी/जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. संजीव यादव ने कहा कि डायरिया नियन्त्रण और रोकथाम में निजी अस्पताल और नर्सिंग होम बड़ी भूमिका निभा सकते हैं। उन्होंने अपील की कि वह अपने-अपने अस्पतालों में ओआरएस कार्नर बनाने के साथ ही डायरिया के प्रति जागरूकता लाने में अहम भूमिका निभाएं।     

इस मौके पर पापुलेशन सर्विसेज इंटरनेशनल इंडिया (पीएसआई इंडिया)  की कोमल घई ने डायरिया से डर नहीं कार्यक्रम के तहत पिछले तीन माह में आयोजित गतिविधियों के बारे में विस्तार से बताया। पीएसआई इंडिया के अजय कुमार ने पिछले वर्ष डायरिया रोको अभियान के बारे में चर्चा की और निजी अस्पतालों व नर्सिंग होम के प्रतिनिधियों से अपील की कि इस साल भी वह अपने-अपने अस्पतालों में ओआरएस कॉर्नर बनाने के साथ ही अभियान को सफल बनाने में पूर्ण सहयोग करें।

जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. रोहिताश ने कहा कि निजी अस्पताल और नर्सिंग होम शून्य से पांच वर्ष तक के डायरिया प्रभावित बच्चों का रिकार्ड अवश्य रखें, जिनको ओआरएस और जिंक इलाज के तहत दिया गया हो। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के सचिव डॉ. ललित वार्ष्णेय ने मंच संचालन के साथ ही चिकित्सकों से कहा कि डायरिया एक गंभीर बीमारी है, इसके कारण प्रतिवर्ष बहुत से बच्चे प्रभावित होते हैं, थोड़ी सी सावधानी और जागरूकता से इस बीमारी से बचाव संभव है। इसमें ओआरएस और जिंक बहुत महत्वपूर्ण घटक हैं, दस्त होते ही ओआरएस का घोल तुरंत शुरू कर देना चाहिए जिससे शरीर में  होने वाली पानी की कमी को पूरा किया जा सके।

जिला नगरीय स्वास्थ्य समन्वयक फौज़िया खान ने निजी चिकित्सालयों द्वारा की जाने वाली हेल्थ मैनेजमेंट इन्फोर्मेशन सिस्टम (एचएमआईएस) पोर्टल की रिपोर्टिंग के बारे में बात की और सभी से कहा कि प्रतिमाह ससमय पोर्टल पर अपने अस्पताल में दी जाने वाली सेवाओं की रिपोर्ट अवश्य करें।

बैठक में इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. बी. एस. गोयल, डॉ. पवन अग्रवाल, डा. अंजू गुप्ता, डॉ. वर्तिका, डॉ. प्रीति लालवानी, डॉ. अवधेश अग्रवाल, डॉ. वी. के. अग्रवाल, जिला कम्युनिटी प्रोसेस प्रबंधक पारुल शर्मा, जिला मातृ स्वास्थ्य सलाहकार मुकेश गौतम, जिला एचएमआईएस ऑपरेटर मोहम्मद रफीक, जेएसआई टीम, पीएसआई इंडिया के चोब सिंह सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।